The Lallantop

लालू की इफ्तार पार्टी में पशुपति पारस पहुंचे, कांग्रेस का कोई नेता नहीं, गठबंधन में चल क्या रहा?

बिहार में इसी साल विधानसभा चुनाव होने हैं. वहीं Lalu Yadav की Iftar Party में Congress के नेता नहीं पहुंचे. बड़े सवाल खड़े होने लगे हैं.

post-main-image
इफ्तार पार्टी से चुनाव के समीकरण का अनुमान. (तस्वीर : इंडिया टुडे)
author-image
शशि भूषण कुमार

बिहार के पटना में हो रही इफ्तार पार्टियों से राजनीतिक समीकरणों के अनुमान लगाए जा रहे हैं. पहले मुस्लिम धार्मिक संगठनों ने बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार की इफ्तार पार्टी में जाने का विरोध किया. वहीं पूर्व मुख्यमंत्री और RJD के प्रमुख लालू प्रसाद यादव की इफ्तार पार्टी में कोई भी कांग्रेस नेता नहीं पहुंचा. हालांकि उनकी इफ्तार पार्टी में पशुपति पारस और कई मुस्लिम नेता दिखे.

इंडिया टुडे से जुड़े शशि भूषण कुमार की रिपोर्ट के मुताबिक, लालू की इफ्तार पार्टी का आयोजन RJD से विधान परिषद सदस्य अब्दुल बारी सिद्दीकी के घर पर हुआ. इस दौरान महागठबंधन के सभी नेताओं को इफ्तार पार्टी में बुलाया गया लेकिन कांग्रेस की ओर से कोई भी नेता नहीं दिखा. इस दौरान मीडिया की एंट्री पर भी रोक लगाई गई थी. सोमवार, 24 मार्च के दिन, RJD ने इफ्तार की तैयारियों को लेकर सोशल मीडिया प्लेटफार्म एक्स पर एक पोस्ट भी साझा किया.

लालू के अलावा इफ्तार पार्टी में बिहार के पूर्व डिप्टी CM तेजस्वी यादव, बिहार की पूर्व मुख्यमंत्री राबड़ी देवी पहुंचीं. इसके अलावा रोजेदारों को भी इफ्तार के लिए बुलाया गया था.

इसे भी पढ़ें - महिला कर्मचारी को मैटरनिटी लीव नहीं दी, प्रेग्नेंसी पर सवाल उठाए, HC ने मजिस्ट्रेट को कायदा पढ़ा दिया

अन्य नेताओं की इफ्तार पार्टी का हाल

आजतक में छपी खबर के मुताबिक, नीतीश की इफ्तार पार्टी का सात मुस्लिम धार्मिक संगठनों ने विरोध किया. वहीं पटना में ही केंद्रीय मंत्री और लोक जनशक्ति पार्टी (R) के अध्यक्ष चिराग पासवान ने भी इफ्तार दी. उन्होंने अपनी पार्टी के कार्यालय में इसका आयोजन कराया. उनकी इफ्तार पार्टी में CM नीतीश कुमार, सम्राट चौधरी के अलावा NDA के कई नेता पहुंचे. लेकिन मुस्लिम धार्मिक संगठनों ने चिराग की इफ्तार का भी विरोध किया.

चिराग ने जताया दुख

इंडिया टुडे से जुड़े रोहित सिंह की रिपोर्ट के मुताबिक, चिराग पासवान ने इफ्तार पार्टी के बहिष्कार को दुखद बताया. उन्होंने कहा कि उनके पिता राम विलास पासवान साल 2005 में एक मुसलमान को CM बनाना चाहते थे और उस पर अड़ गए थे. उन्होंने मुसलमानों के लिए कई काम किये, मगर मुसलमान आज उनका साथ दे रहे हैं जिन्होंने बिहार को लूटा है.

वीडियो: प्रदर्शन के दौरान RSS पर क्या बोले राहुल गांधी?